यू पी आइ ट्रांजेक्शन पर सरचार्ज की ख़वर का पूरा सच
सबसे पहले एक भ्रम दूर करना ज़रूरी है: सरकार ने आम नागरिकों के UPI ट्रांजेक्शन पर कोई 'टैक्स' (Tax) लागू नहीं किया है । व्यापारी संघों और नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) द्वारा मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) ढांचे में बदलाव किए जा रहे हैं। इसे कई बार लोग भूलवश 'UPI टैक्स' समझ लेते हैं। इस नीति का निष्पक्ष विश्लेषण और आम लोगों के जीवन पर इसका प्रभाव : 1. नीति का वास्तविक रूप (क्या बदला है और क्या नहीं?) व्यक्ति-से-व्यक्ति (P2P) ट्रांसफर पूरी तरह मुफ़्त: यदि आप अपने मित्र, रिश्तेदार या किसी व्यक्ति को UPI से पैसे भेजते हैं, तो वह हमेशा की तरह 100% मुफ़्त रहेगा (चाहे रकम कितनी भी हो)। छोटे व्यापारियों के लिए मुफ़्त: रेहड़ी-पटरी वालों, चाय/किराना दुकानों और छोटे व्यापारियों (P2PM) के लिए UPI भुगतान प्राप्त करना पूरी तरह मुफ़्त (Zero MDR) रहेगा। बड़े मर्चेंट ट्रांजेक्शन (P2M) पर शुल्क: ₹2,000 से अधिक के चुनिंदा व्यावसायिक भुगतानों पर मर्चेंट (दुकानदार) से 0.4% MDR/सर्विस चार्ज लिया जाता है। अधिनियम का नियम: यह शुल्क दुकानदार/व्यापारी को देना होता है, आम ग्...