चुनाव नतीजों के बाद बिहार कांग्रेस में दो फाड़; राजेश राम के इस्तीफे की मांग, दिल्ली जाएंगे बगावती कांग्रेसी नेता*
*चुनाव नतीजों के बाद बिहार कांग्रेस में दो फाड़; राजेश राम के इस्तीफे की मांग, दिल्ली जाएंगे बगावती कांग्रेसी नेता*
यूथ एजेंडा की रिपोर्ट
बिहार विधानसभा 2025 के चुनाव परिणाम आने के साथ ही प्रदेश नेतृत्व के खिलाफ बिगुल फूंकने वाले कांग्रेसी नेता और अधिक सक्रिय हो गए हैं। समर्पित कांग्रेसी का दावा करने वाले ऐसे नेताओं ने कहा है कि वे 22 नवंबर को सदाकत आश्रम परिसर में धरना देंगे। इसके बाद 24 नवंबर को प्रदेश नेतृत्व से नाराज कांग्रेसी दिल्ली जाएंगे। साथ ही इन लोगों ने तत्काल कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राजेश कुमार से इस्तीफा मांगा है।खगड़िया से कांग्रेस विधायक छत्रपति यादव की अध्यक्षता में बैठक हुई। इसमें तय किया गया कि कांग्रेस को बचाने के लिए आंदोलन तेज किया जाएगा। छत्रपति यादव ने कहा कांग्रेस बचाओ अभियान चलाना होगा। वोट चोरों से पहले टिकट चोरों से लड़ना होगा।बैठक में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य आनंद माधव, पूर्व विधान पार्षद डॉ. अजय कुमार, पूर्व विधायक बंटी चौधरी, राजकुमार राजन, नागेंद्र पासवान विकल, शौकत अली, वसी अख्तर, कैसर खान, आशुतोष शर्मा, आलोक हर्ष, सुधा मिश्रा, उर्मिला सिन्हा नीलू, रेखा पटेल, हसनैन कैसर,वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रदुम्न यादव , शनिलेवर राय, राकेश कुमार मुन्ना आदि मौजूद थे।मालूम हो कि टिकट बंटवारे के समय कांग्रेस के तमाम नेताओं ने बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम और बिहार चुनाव प्रभारी कृष्णा अल्लावारु के खिलाफ मोर्चा खोल दिया था। टिकट वितरण में मनमानी, पैसे लेकर टिकट देने जैसे आरोप मढ़े थे। कईयों ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया था।दिल्ली में भी कांग्रेस कार्यालय के बाहर खूब हंगामा हुआ था। पुराने और समर्पित नेताओं और कार्यकर्ताओं को नजरअंदाजर कर नए चहरों को टिकट देने के आरोप लगे थे। हालांकि बाद में मामला शांत हो गया है। लेकिन अब बिहार चुनाव की नतीजे के बाद बगावती नेताओं ने फिर बिगुल फूंक दिया है। राजेश राम के इस्तीफे की मांग कर डाली है।महागठबंधन में कांग्रेस 61 सीटे लड़कर सिर्फ 6 सीटें जीत सकी है। प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम खुद चुनाव हार गए। कुटुंबा से जदयू के ललन राम ने उन्हें 20 हजार से ज्यादा वोटों से शिकस्त दी।

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