हिलसा में गांधी जी के विचारों और आदर्शों पर हुआ विचार गोष्ठी का आयोजन
हिलसा में गांधी जी के विचारों और आदर्शों पर हुआ विचार गोष्ठी का आयोजन
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किसानों के बीच खादी के अंगवस्त्र का हुआ वितरण.
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डॉ0 राजीव नयन,youth Ajenda रिपोर्टर!
*हिलसा/दनियावां*. शुक्रवार 2 अक्टूबर को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और भारत के पूर्व प्रधानमंत्री लालबहादुर शास्त्री की जयंती पर दनियावां, हिलसा में कई कार्यक्रम आयोजित हुए।योगीपुर रोड,हिलसा के गुरुकुल इंटरनेशनल स्कूल में इसके निदेशक शिक्षाविद संजय कुमार प्रभाकर ने गांधी जी के आदर्शों सेवा,सत्य-अहिंसा, सत्याग्रह और खादी वस्त्रों की उपयोगिता पर स्कूली बच्चों के बीच परिचर्चा का आयोजन किया।उन्होंने अपने उद्द्बोधन में कहा कि--तत्कालीन ब्रिटिश पीएम विंस्टन चर्चिल ने गांधी जी के बारे में कहा था कि--" आने वाली पीढ़ियां शायद ही यह विश्वास करे कि धरती पर ऐसा भी कोई हाड़-मांस का एक पुतला पैदा लिया था--!"उन्होंने गांधी जी के तीन बंदरों का भी उदाहरण दिया कि बुरा मत बोलो,बुरा मत देखो और बुरा मत सुनो!मौके पर विद्यालय के उपनिदेशक तेजस्वी प्रभाकर,प्रियंका पटेल प्रभाकर,सत्येंद्र सर् व अन्य ने भी अपनी बात रखी।
वहीं हिलसा के कौशिक नगर में स्व0 रामदहिंन प्रसाद यादव स्मृति मंच के द्वारा गाँधीजी एवं शास्त्री जी की जयंती मनाई गई।इस संस्था के अध्यक्ष समाजसेवी सौरभ कुमार और सचिव राहुल कुमार यादव ने महात्मा गांधी जयंती पर विचार गोष्ठी का आयोजन किया और उनके सत्याग्रह, पदयात्रा आत्मनिर्भरता,स्वच्छता और साफ-सफाई पर लोगों को प्रेरित किया।इस मौके पर वार्ड no -22 में वार्ड पार्षद सिंधु कुमारी और उनके प्रतिनिधि पप्पू कुमार ने राहुल व सौरभ जी की मौजूदगी में कौशिक नगर,हिलसा में 50 से ज्यादा आम,पीपल,नीम,जामुन,हरसिंगार, शमी,अर्जुन व ग्रीन सेमल के पौधे रोपे और उनके संरक्षण के लिए गैबीयन लगाए।शास्त्री जी के याद में 10 किसानों को खादी के अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया।जिनमे विनय मिस्त्री,रहीश यादव,पंकज,हरखित कुटुंब यादव व मनीष पांडेय उल्लेखनीय हैं।


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